Keh Diye
Thursday, December 27, 2012
शायद
"बिन बताये मैं चला गया तेरी नज़रों से दूर इस तरह शायद...
तुम कभी भुला भी ना पाओगी इस बात को शायद,
बद्दुवाएं निकलीं होंगी दिल से, कोसा भी होगा महीनों तक...
दिल कहता है मगर तुम अब भी मेरे इंतज़ार में होगी शायद।"
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment